ज़िन्दगी एक किताब सी है,जिसमें ढेरों किस्से-कहानियां हैं ............. इस किताब के कुछ पन्ने आंसुओं से भीगे हैं तो कुछ में,ख़ुशी मुस्कुराती है. ............प्यार है,गुस्सा है ,रूठना-मनाना है ,सुख-दुःख हैं,ख्वाब हैं,हकीकत भी है ...............हम सबके जीवन की किताब के पन्नों पर लिखी कुछ अनछुई इबारतों को पढने और अनकहे पहलुओं को समझने की एक कोशिश है ...............ज़िन्दगीनामा
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Wednesday, February 1, 2012
बेशकीमती
वो सारे पल ..जो तेरे साथ गुज़रे ...
बेशकीमती हैं ,मेरे लिए.
मेरे यह कहते ही ..तुम्हारा पूछना ...ऐसा क्यूँ ,भला ???
जान मेरी....
तुम्हें पता तो है
जब बिछडेंगे ..हम-तुम
तब,
ये ही तो ..
हमें जीने की ताकत देंगे
इनके ही सहारे
हम सारी ज़िंदगी काटेंगे
इन लम्हों की खुशनुमा यादें
ताउम्र...आँखों से मोती चुरा
लबों पे तबस्सुम सजाएंगी
कितने भी दूर हों हम
एक दूसरे के करीब ले आयेंगी
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